Tigmanshu Dhulia

Gangs of Wasseypur: Ramadheer Singh talks about Cinema

श्रृंखला को जारी रखते हुए आज हम गैंग्स ऑफ़ वास्सेय्पुर के उस सीन की बात करेंगे जहाँ शमशाद आलम डेफिनिट द्वारा किये गए हमले से बच जाता है क्योंकि हमले के समय डेफिनिट की पिस्तौल अटक जाती है, और जब शमशाद उसके पीछे भागता है तो डेफिनिट भी बच निकलता है

इस एक सीन में निर्देशक ने यह स्थापित कर दिया है कि रामाधीर सिंह कितना शातिर है|

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Gangs of Wasseypur: Sultan Meets Ramadheer Singh

आज से posts की एक नयी श्रंखला शुरू कर रहे हैं| हिंदी सिनेमा के एक बहुमूल्य हीरे – गैंग्स ऑफ़ वास्सेय्पुर के छोटे छोटे टुकड़ों की समीक्षा

यदि समीक्षा अच्छी लगे तो कमेंट ज़रूर करें तथा पोस्ट को भी साझा करें, आभार रहेगा|

तो आइये आज बात करते हैं उस सीन की जहाँ रामाधीर सिंह को मुसलमानों से हाथ मिलाने की ज़रूरत महसूस होती है और वह सुल्तान को बुलाता है बैठक में और खाने पर|

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Movie Review (Bullett Raja): The lofty expectations that befall upon the violent male world

  • VIAdmin 

ऐसे वैसे नहीं है, औरतों कि इज़ज़त करते हैं (I am not just like that, I respect women). When you hear this dialogue coming from a man who does not respect and kills humans (males) just like that and then utters the same dialogue that he respects a particular human (female) because she is a female, then you know there is something terribly and deeply wrong in the societal setup.

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